ग्रामीण विद्युतीकरण को सुदृढ़ करने की दिशा में प्रबंध निदेशक का खैरागढ़–छुईखदान–गंडई जिले का दौरा : हर क्षेत्र में बिजली कनेक्शन एवं निर्बाध विद्युत आपूर्ति प्रथम प्रथमिकता…

41

ग्रामीण विद्युतीकरण को सुदृढ़ करने की दिशा में प्रबंध निदेशक का खैरागढ़–छुईखदान–गंडई जिले का दौरा : हर क्षेत्र में बिजली कनेक्शन एवं निर्बाध विद्युत आपूर्ति प्रथम प्रथमिकता…


खैरागढ़–छुईखदान–गंडई (छत्तीसगढ़)

Chhattisgarh State Power Distribution Company Limited के प्रबंध निदेशक एवं Chhattisgarh Renewable Energy Development Agency (क्रेडा) के प्रभारी मुख्य कार्यपालन अधिकारी का खैरागढ़–छुईखदान–गंडई जिले का दौरा ग्रामीण विद्युतीकरण को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण एवं जन-केंद्रित पहल सिद्ध हुआ।

प्रदेश के सभी जिलों में पहुँचकर प्रबंध निदेशक स्वयं प्रत्येक गाँव एवं अंतिम छोर के उन क्षेत्रों का निरीक्षण कर रहे हैं, जहाँ विद्युत लाइन विस्तार एवं विद्युतीकरण में समस्याएँ रही हैं। वे स्थल पर पहुँचकर वास्तविक स्थिति का जायज़ा लेते हुए प्रत्येक गाँव तक बिजली कनेक्शन एवं निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने की दिशा में आवश्यक निर्देश प्रदान कर रहे हैं।

इसी क्रम में खैरागढ़ जिले के ग्राम ग्वालाघुंडी जो पूर्व में सौर ऊर्जा से विद्युतीकृत था, को दिनांक 22 फ़रवरी को परंपरागत स्त्रोत से विद्युतीकृत किया गया।

3 मार्च को विभागीय अमला ग्राम ग्वालाघुंडी पहुँचा तथा विद्युत व्यवस्था का स्थलीय निरीक्षण किया गया। प्रबंध निदेशक श्री भीम सिंह कंवर ने ग्रामीणों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं को सुना और त्वरित निराकरण के निर्देश दिए। तत्पश्चात ग्राम में विद्युत आपूर्ति प्रारंभ की गई, जिससे ग्रामवासियों में हर्ष एवं संतोष का वातावरण निर्मित हुआ।

इसके पश्चात ग्राम पंचायत कल्लेपानी का निरीक्षण किया गया, जहाँ ग्रामीण लंबे समय से विद्युत समस्याओं का सामना कर रहे हैं। श्री कंवर ने अधिकारियों के साथ स्थल का निरीक्षण कर वर्तमान व्यवस्था की समीक्षा की तथा नई विद्युत लाइन के सर्वेक्षण एवं शीघ्र क्रियान्वयन के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट रूप से निर्देशित किया कि सर्वे कार्य प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण कर विद्युत आपूर्ति सुदृढ़ की जाए। इस अवसर पर उन्होंने ग्रामवासियों से भेंट कर उनकी समस्याओं से सीधे अवगत हुए।

दौरे के दौरान कंपनी की योजनाओं के अंतर्गत खैरागढ़ जिले के पात्र हितग्राहियों को प्रबंध निदेशक व उनकी धर्मपत्नी श्रीमती मंजुला सिंह कंवर जो कि पावर कंपनी के आदर्शिनी महिला मंडल के अध्यक्षों में से एक है के द्वारा प्रमाण-पत्रों का वितरण किया गया तथा स्थानीय जनप्रतिनिधियों एवं नागरिकों के साथ संवाद में ग्रामीण विद्युतीकरण को और अधिक सशक्त एवं स्थायी बनाने हेतु सहयोगात्मक प्रयासों पर सकारात्मक चर्चा हुई।

दौरे की विशेषता इसका खुला एवं संवादात्मक वातावरण रहा, जहाँ अधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं जिले के हितधारक एक मंच पर एकत्र होकर सामूहिक समाधान की दिशा में सक्रिय दिखाई दिए। यह सहभागिता उस विकास मॉडल को प्रतिबिंबित करती है, जिसमें शासन एवं जनता मिलकर क्षेत्र की सतत प्रगति एवं सशक्त विद्युतीकरण सुनिश्चित करते हैं।