कोरबा।।
छत्तीसगढ़ में इन दिनों तेजी से आई फ्लू फैल रहा है। यह एक मौसमी बीमारी होती है। आई फ्लू से सबसे ज्यादा स्कूली बच्चे प्रभावित हो रहे है। छत्तीसगढ़ में धीरे-धीरे आई फ्लू के संक्रमित मरीज बढ़ते जा रहे हैं। जिसको देखते हुए छत्तीसगढ़ स्वास्थ्य विभाग ने आई फ्लू की रोकथाम और बचाव के लिए शिक्षा विभाग और आदिम जाति एवं अनुसूचित जनजाति विकास विभाग को पत्र लिखकर सावधानियां बरतने और गाइडलाइन जारी किए हैं।बचाव

कोरबा जिले में भी आई फ्लू के काफी मरीज पाए गए है। बढ़ते संक्रमण को लेकर ग्राम पंचायत चैतमा व रचकम्मा में कंजक्टिवाइटिस वायरस से बचने के लिए छत्तीसगढ़ आदिवासी कांग्रेस के प्रदेश सचिव राजवर्धन सिंह ने ग्रामीणों को आई ड्राप वितरित किये और कहा वायरस से बचने के लिए आई ड्रॉप का इस्तमाल करते रहे, इसमें सावधानी बरतने की है जरूरत है। आई फ्लू (कंजक्टिवाइटिस) संक्रामक बीमारी है जो सम्पर्क से फैलती है। इसलिए मरीज को अपनी आँखों को हाथ न लगाने की सलाह देनी चाहिए। रोगी से हाथ मिलाने से बचकर एवं उसकी उपयोग की चीजें अलग कर इस बीमारी के फैलाव को रोका जा सकता है। संक्रमित आँख को देखने से इस बीमारी के फैलने की धारणा केवल भ्रम है। यह बीमारी केवल सम्पर्क से ही फैलती है।










